क्या यह कृतघ्नता नहीं है?
क्या_यह_कृतघ्नता_नहीं_है? आप यह संदेश नहीं समझें तो जीवन व्यर्थ है! क्या पढ़े-लिखे युवा समाज की भलाई के लिए कुछ करेंगे? संगमनेर महाराष्ट्र छात्रावास के निर्माण निधि के लिए स्थानीय लोगों को बधाई देते हुए डॉ.बाबासाहेब आंबेडकर कहते है कि, मुझे खुशी है कि आप यह सामाजिक कार्य कर रहे हैं। लेकिन एक सवाल मै आप लोगों से पूछना चाहता हूं, वह यह है कि, आप लोग खुद तकलीफ सहकर अपना हाल बेहाल करकर समाज के इस समुदाय के युवाओं को शिक्षित करते हो! उन्हें मदत करते हो! क्या वे बच्चे शिक्षा प्राप्त करने के बाद आपके समाज के उत्थान के लिए कुछ करने जा रहे हैं? क्या आप उनसे कुछ प्रतिज्ञा लेख लिखवाते हो क्या? (जबाब आता है नहीं) पिछडे समाज की सेवा करने हेतु तथा हमारे में से शिक्षा लेकर युवाओं को तैयार करने के लिए मैंने सिद्धार्थ महाविद्यालय का निर्माण किया है, लेकिन अनुभव बड़े कड़वे आ रहे है। युवाओं द्वारा शिक्षा प्राप्त करने के बाद तथा बड़ी नौकरी पाने के पश्चात वे सोचते है मेरा काम बन गया। मैं कौन हूं? मुझे ...